राह में अड़चन: एमआर-3 पर ब्रेक; ग्रीन बेल्ट होने से लागत से कम मिल रहा बेटरमेंट टैक्स, आपत्तियां भी

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इंदौर28 मिनट पहले

कॉपी लिंकनिगम का एक बड़ा प्रोजेक्ट उलझन में फंसा, फिर से सर्वे होगा। - Dainik Bhaskar

निगम का एक बड़ा प्रोजेक्ट उलझन में फंसा, फिर से सर्वे होगा।

शहर में दीपावली के बाद बड़ी सड़कों की सौगात देने की तैयारी कर रहा नगर निगम एक बड़ा फैसला कर सकता है। ये फैसला पीपल्यापाला रीजनल पार्क से बायपास तक बनने वाली मास्टर प्लान की एमआर-3 रोड का है। निगम इसकी जमीन मिलने में आ रही दिक्कतों के कारण अब फिर से परीक्षण करवाएगा।

अगर परेशानियां कम नहीं हुईं तो निगम इसे खुद नहीं बनाने का प्रस्ताव भी सरकार को भेज सकता है। वैसे भी ये सड़क पहले आईडीए ही बनाने वाला था, लेकिन अधिग्रहण संबंधी मुश्किलों के बाद ये तय हुआ कि जितनी भी बची हुई एमआर सड़कें हैं, उन्हें निगम को हस्तांतरित किया जाए, ताकि जमीन लेने पर मुआवजा न देना पड़े और निर्माण पर लगने वाली बेटरमेंट टैक्स की राशि भी वसूल की जा सके।

इस योजना में एमआर-3, एमआर-5 और आरई-2 जैसी सड़कें निगम के हिस्से में आई थीं। आरई-2 का काम शुरू हो चुका है, जबकि एमआर-5 व 3 का काम दीपावली बाद शुरू होना प्रस्तावित है। इसमें पेंच गुरुवार को हुई एक बैठक के बाद आया। बैठक निगमायुक्त प्रतिभा पाल ने बुलाई थी।

प्रोजेक्ट पर पुनर्विचार कर रिपोर्ट सरकार को भेजेंगे

अफसरों ने बताया कि एमआर-3 रीजनल पार्क से बिजलपुर और आसपास के खसरों से होते हुए बायपास पर सेज यूनिवर्सिटी के पास जाकर मिलेगी। इसकी लागत जितनी आ रही है, उतना पैसा बेटरमेंट टैक्स से मिलना संभव नहीं है, क्योंकि ज्यादातर जमीनें ग्रीन बेल्ट की हैं। बेटरमेंट टैक्स वहीं ले सकते हैं, जहां कुछ निर्माण हुआ हो।

यहां अगर सारे निर्माणों का टैक्स भी ले लिया तो लागत की 40 से 50 फीसदी ही राशि आ पाएगी। ऐसे में बाकी पैसा जुटाना मुश्किल होगा। दूसरा पेंच ये है कि यहां किसानों ने आपत्तियां भी बहुत लगाई हैं। ऐसे में जमीनें लेकर सड़क निर्माण में बाधाएं आएंगी। इस पर आयुक्त पाल ने कहा कि इस प्रोजेक्ट पर पुनर्विचार करना चाहिए। जो भी निष्कर्ष सामने आए, उससे सरकार को अवगत कराएं।

इन सड़कों का काम शुरू होगा

बैठक में भंवरकुआं से तेजाजी नगर, आरई-2 (भूरी टेकरी से नया आरटीओ), एमआर-5 (टाटा स्टील चौराहा से बड़ा बांगड़दा), आरडब्ल्यू-1 (बाणंगगा से आईएसबीटी ) के काम पर बात हुई। बैठक में इसके साथ ही एयरपोर्ट रोड थाने से बिजासन मंदिर, राजबाड़ा से मरीमाता, आजाद नगर गोल चौराहा से मूसाखेड़ी, एमआर-4 में भंडारी ब्रिज से बाणगंगा रेलवे क्रॉसिंग तक सड़क निर्माण की समीक्षा भी की गई।

बिजली विभाग के अफसरों को शटडाउन लेकर पोल शिफ्टिंग के काम में तेजी लाने के निर्देश दिए। बैठक में अपर आयुक्त अभय राजनगांवकर, अधीक्षण यंत्री अशोक राठौर, अनूप गोयल, राकेश अखंड मौजूद थे। चोइथराम चौराहे से पीपल्यापाला रीजनल पार्क तक अभी 700 मीटर का हिस्सा बना हुआ है।

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